बच्चों ने माता-पिता का पूजन कर उनके चर




ण पखारे

बाल संस्कार केंद्र आठनेर में हुआ अनूठा आयोजन

 सांस्कृतिक कार्यक्रम भी आयोजित हुए

बैतूल। श्री योग वेदांत सेवा समिति, युवा सेवा संघ व महिला उत्थान मंडल बैतूल के तत्वावधान में संत श्री आशारामजी बापू की प्रेरणा से आठनेर के बाल संस्कार केंद्र में बच्चों द्वारा मातृ-पितृ पूजन का कार्यक्रम आयोजित किया गया। युवा सेवा संघ बैतूल के जिलाध्यक्ष राजेश मदान ने बताया कि कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथियों गायत्री परिवार के लखनलाल सुरे,एमआर मगरदे, रविन्द्र झाड़े एमआर लाकुडक़र  द्वारा श्री गणेश, मां सरस्वती व संत श्री आशारामजी बापू के श्री चित्र के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित कर किया। इस मौके पर श्री सूरे ने कहा कि बच्चों को बचपन से ही अच्छे संस्कार देना हर माता-पिता का कर्तव्य है, समिति की पहल पर बच्चों द्वारा अपने माता-पिता का पूजन कर उनका सम्मान किया जाना अत्यंत सराहनीय है। श्री मगरदे ने कहा कि विगत 5 वर्षों से आठनेर में समिति द्वारा चलाए जा रहे बाल संस्कार केंद्र के बच्चों ने माता-पिता का पूजन कर समाज में उनका सम्मान बढ़ाया है इस तरह के आयोजन हर घर में होना चाहिए। इस मौके पर श्री मदान ने कहा कि पाश्चात्य संस्कृति से प्रभावित कई युवा नशा और मौज मस्ती करके कामांध होकर अपने माता-पिता का अपमान कर उन्हें वृद्धाश्रमों में भेज रहे थे युवाओं का नैतिक पतन भी हो रहा था। समाज की इस पीड़ा से व्यथित होकर पूज्य संत श्री आशारामजी बापू ने 14 फरवरी 2006 से वेलेंटाइन डे के बदले मातृ-पितृ पूजन दिवस मनाने की शुरुआत की जो आज विश्वव्यापी हो चुका है। युवा अब वेलेंटाइन डे को भूलकर मातृ-पितृ पूजन दिवस मनाने लगे है और उनमें माता-पिता के प्रति आदर भाव भी जागृत हो रहा है। समिति द्वारा इस वर्ष भी 14 फरवरी को कोरोना गाईड लाइन व शासन के दिशा निर्देशों का पालन करते हुए विद्यालयों, महाविद्यालयों व सार्वजनिक स्थलों में मातृ-पितृ पूजन के कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।आयोजन में बच्चों द्वारा एक से बढक़र एक सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए गए जिसमें वेशभूषा, निबंध,थाली सजाओ व नृत्य स्पर्धा आयोजित की गई जिनमें कुशाग्र सूरे, ट्विंकल जीतपुरे, चेतना बलबंडे, करण खुजनारे, भरत जीतपुरे आदि अन्य कई बच्चों को शानदार प्रस्तुति पर अतिथियों के कर कमलों से पुरस्कार वितरित किए गए। बच्चों द्वारा अपने-अपने माता-पिता को तिलक कर फूलहार पहनाए गए व आरती उतारकर उनके चरण धोए गए और उनका आशीर्वाद प्राप्त किया। सभी माता-पिता ने इस भावपूर्ण आयोजन की अत्यंत सराहना की। कार्यक्रम का संचालन महिला उत्थान मंडल बैतूल की अध्यक्ष व बाल संस्कार केंद्र आठनेर की संचालिका श्रीमती सुनीता अनेराव द्वारा किया गया। मातृ-पितृ पूजन के बाद महिला मंडल द्वारा हल्दी कुमकुम का कार्यक्रम भी आयोजित किया गया। कार्यक्रम के पश्चात सभी को मां-बाप को भूलना नही व अन्य सुप्रचार सत्साहित्य वितरित  किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में बच्चे व पालकगण मौजूद थे। आयोजन को सफल बनाने में समिति के आरआर अनेराव, श्रीमती सुनीता अनेराव, रामनाथ अमरुते, विजय आवठे, रमेश मानकर, मनोहर प्रजापति, संध्या प्रजापति,अनीता मानकर, कल्पना पंवार हर्षा मानकर, प्रवीणा शाद, रविकांत आर्य, प्रभाशंकर वर्मा, सुरेंद्र कुंभारे, एलबी गायकवाड़ आदि अन्य साधकों का सराहनीय योगदान रहा।

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